उत्तराखंड
ATS कॉलोनी में दहशत फैलाने वाले बिल्डर पर चला प्रशासन का डंडा; 6 महीने के लिए हुआ जिला बदर

एटीएस कॉलोनी में दहशत का माहौल पैदा करने वाले विवादित बिल्डर के खिलाफ जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। जिला मजिस्ट्रेट सविन बंसल ने बिल्डर पुनीत अग्रवाल को उत्तर प्रदेश/उत्तराखण्ड गुंडा नियंत्रण अधिनियम, 1970 की धारा 3(3) के तहत 6 माह के लिए जनपद देहरादून से जिला बदर कर दिया है। आदेश के अनुसार वह इस अवधि में बिना अनुमति जनपद की सीमा में प्रवेश नहीं कर सकेगा।मामले की शुरुआत 25 अप्रैल 2026 को एटीएस कॉलोनी निवासियों एवं डीआरडीओ के वैज्ञानिक द्वारा जिलाधिकारी से की गई शिकायत से हुई। शिकायत में आरोप था कि 13 अप्रैल को बिल्डर ने एक वरिष्ठ वैज्ञानिक और उनके परिवार के साथ मारपीट की, जिसमें पीड़ित का कान का पर्दा फट गया तथा महिलाओं और बुजुर्गों के साथ अभद्रता की गई।जिला प्रशासन द्वारा कराई गई गोपनीय जांच में आरोपी के खिलाफ पहले से दर्ज आपराधिक मामलों, थाना रायपुर की एफआईआर, वायरल वीडियो और स्थानीय निवासियों की शिकायतों की पुष्टि हुई। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी का व्यवहार क्षेत्र में भय और असुरक्षा का कारण बन रहा था।बिल्डर के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं में कुल 5 मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें मारपीट, धमकी, अभद्रता, अवैध कब्जा सहित अन्य आरोप शामिल हैं। इससे पूर्व दीपावली के दौरान नाबालिग बच्चों पर पिस्टल लहराने के मामले में उसका शस्त्र लाइसेंस भी निलंबित किया जा चुका है।सभी साक्ष्यों के आधार पर जिलाधिकारी न्यायालय ने आरोपी को अभ्यस्त आपराधिक प्रवृत्ति का मानते हुए गुंडा एक्ट में कार्रवाई की। पुलिस को निर्देश दिए गए हैं कि 24 घंटे के भीतर आदेश का पालन सुनिश्चित करते हुए आरोपी को जनपद से बाहर किया जाए। आदेश का उल्लंघन करने पर कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जनसुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों के विरुद्ध आगे भी इसी प्रकार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
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